डॉ. मनमोहन सिंह ने चेताया, नोटबंदी का बुरा असर अभी दिखना बाकी है

Dr. Manmohan Singh warned, the bad effects of demonetisation are yet to be seen. नई दिल्ली, 03 मार्च 2021। सुप्रसिद्ध अर्थशास्त्री और पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह Well-known economist and former Prime Minister Dr. Manmohan Singh ने चेताया है कि बगैर सोच-विचार के की गई नोटबंदी का बुरा असर अभी दिखना बाकी है डॉ. सिंह …
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डॉ. मनमोहन सिंह ने चेताया, नोटबंदी का बुरा असर अभी दिखना बाकी है

Dr. Manmohan Singh warned, the bad effects of demonetisation are yet to be seen.

नई दिल्ली, 03 मार्च 2021। सुप्रसिद्ध अर्थशास्त्री और पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह Well-known economist and former Prime Minister Dr. Manmohan Singh ने चेताया है कि बगैर सोच-विचार के की गई नोटबंदी का बुरा असर अभी दिखना बाकी है

डॉ. सिंह ने देश की गर्त में जाती अर्थव्यवस्था पर केंद्र सरकार पर तथ्यों के साथ जमकर हमला बोला है।

मोदी सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए मनमोहन सिंह ने कहा 2016 में मोदी सरकार द्वारा बगैर सोच-विचार के लिए गए नोटबंदी के फैसले के चलते देश में बेरोजगारी चरम पर है और देश की अर्थव्यवस्था गर्त में चली गई है।

पूर्व प्रधानमंत्री ने एक कार्यक्रम के दौरान ये बातें कहीं।

नोटबंदी के कारण देश अभी और बुरे दौर में गुजरेगा

देश की बिगड़ी अर्थव्यवस्था के लिए भी मनमोहन सिंह ने सरकार को घेरा। जी हां आर्थिक विषयों के ‘थिंक टैंक’ राजीव गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ डेवलपमेंट स्टडीज (Rajiv Gandhi Institute of Development Studies) द्वारा डिजिटल माध्यम से आयोजित एक विकास सम्मेलन का उदघाटन करते हुए मनमोहन सिंह ने साफ कहा कि देश का और भी बुरा दौर अभी भी आने वाला है। देश नोटबंदी के कारण अभी और बुरे दौर में गुजरेगा।

नोटबंदी से असंगठित क्षेत्र तबाह हो गया

पीएम मोदी के नोटबंदी के निर्णय पर सवाल उठाते हुए मनमोहन सिंह ने कहा कि मोदी सरकार के इस कदम ने बेरोजगारी और अस्थिरता को जन्म दिया जिससे असंगठित क्षेत्र तबाह हो गया।

मनमोहन सिंह ने नोटबंदी को बिना कुछ सोचे समझे लिया हुआ निर्णय करार दिया।

उन्होंने कहा राज्यों से नियमित रूप से परामर्श के बाद ही ऐसे निर्णय लेकर ही ऐसे फैसले किए जाते हैं।

आने वाले ऋण संकट पर भी चेताया

मनमोहन सिंह ने इस सरकार को आने वाले ऋण संकट से भी आगाह कराया। उन्होंने कहा बढ़ते वित्तीय संकट को छिपाने के लिए भारत सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा किये गए अस्थायी उपाय के चलते ऋण संकट पैदा हो सकता है। ये आने वाला ऋण संकट छोटे और मंझोले (उद्योग) क्षेत्र होंगे और इस स्थिति की हम अनदेखी नहीं कर सकते हैं।

आपको बता दें कि कांग्रेस के शीर्ष नेता लगातार केंद्र सरकार पर हमला बोल रहे हैं। पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों से लेकर एलपीजी गैस की कीमतों में हो रही बढ़ोत्तरी को लेकर राहुल गांधी से लेकर मल्लिकार्जुन खड़गे लगातार प्रधानमंत्री की नीतियों पर सवाल उठा रहे हैं। अब अर्थव्यवस्था को बेहतर समझने वाले और कभी देश की बागडोर संभालने वाले पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी इस सरकार के गलत फैसलों को ही देश की खस्ता हालत के लिए जिम्मेदार ठहराया है।

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