किसानों के साथ फिर धोखा और जुमलेबाजी, 2014 का रेट 2018 में लागू कर रही है मोदी सरकार

केन्द्र सरकार द्वारा खरीफ फसल पर कम रेट बढ़ाना किसानों के साथ धोखा।।।

2014 का रेट 2018 में लागू कर रही है मोदी सरकार

मेरठ (उत्तर प्रदेश) केन्द्र की भाजपानीत सरकार एक बार फिर किसानों के साथ धोखा और जुमलेबाजी कर रही है। उप्र. कांग्रेस के जनान्दोलन प्रकोष्ठ के सहसंयोजक अभिमन्यु त्यागी ने कहा है कि केन्द्र सरकार द्वारा खरीफ फसल पर कम रेट बढ़ाना किसानों के साथ धोखा है।

आज एक बयान में श्री त्यागी ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा खरीफ फसलों में बढ़ोतरी महज धोखा है। मोदी जी जिस स्वामीनाथन रिपोर्ट का हवाला देकर प्रधानमंत्री बने थे, उस हिसाब से धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य Rs 2226/क्विंटल (2017 के CACP कैलकुलेशन के हिसाब से) होना चाहिए था, धान का रेट Rs 1550/क्विंटल से बड़ा कर Rs 1750/क्विंटल मोदी सरकार ने किया है। इस हिसाब से किसान 476 रुपए प्रति क्विंटल के घाटे में है।"

श्री त्यागी ने कहा कि सरकार ने जो एमएसपी का ऐलान किया है वह 2014 की गणना के हिसाब से है जब बीजेपी सरकार को किसानों ने वोट दिया था। उन सभी फसलों के मूल्य में बड़ी वृद्धि की गई जो 1 %से कम खरीदी जाती हैं बाकी फसलों के दाम कम बढ़े हैं। सरकार द्वारा यह सुनिश्चित होना चाहिए कि कोई भी व्यापारी MSP से नीचे न खरीदे तो बात बन सकती है।