पेट्रोल की कीमतें बढ़ाकर आग में घी डालने का काम किया केन्द्र की कांग्रेसनीत सरकार ने- भाजयुमो
पेट्रोल की कीमतें बढ़ाकर आग में घी डालने का काम किया केन्द्र की कांग्रेसनीत सरकार ने- भाजयुमो
राजेन्द्र पाध्ये
दुर्ग । भारतीय जनता युवा मोर्चा ने पेट्रोल की मूल्यवृद्धि पर केन्द्र की कांग्रेसनीत सरकार की कड़ी आलोचना की है । पिछले 14 दिसंबर को ही 3 रुपये की मूल्यवृद्धि के बाद अब महिने भर के अंदर दोबारा 2.5 रुपये की बढ़ोतरी पेट्रोल में करके आम जनता का जीना मुश्किल कर दिया है । भाजयुमो के जिला अध्यक्ष कांतीलाल जैन ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा पिछले 9 महिने में 10 बार पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी की गई है, कच्चे तेल का अतर्राष्ट्रीय मूल्य लगभग स्थिर है लेकिन फिर भी कांग्रेस के ईशारे पर पेट्रोलियम कम्पनियों ने देश की जनता के मुंह पर करारा तमाचा मारते हुये महंगाई बढ़ाने वाला एक और कदम उठाया है,साढ़े छह साल से लगातार केन्द्र की कांग्रेस सरकार देश की जनता को महंगाई की आग में झुलसा रही है पेट्रोल मूल्यवृद्धि करके कांग्रेस सरकार जनता को महंगाई के बोझ तले दबाकर मार देना चाहती है । यह मूल्यवृद्धि वापस होनी चाहिए ।
भाजयुमो प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राजेन्द्र पाध्ये ने कहा कि केन्द्र की कांग्रेसनीत सरकार महंगाई को हथियार बनाकर लगातार जनता पर हमला कर रही है । आज महंगाई देश की सबसे विकराल समस्या बन चुकी है । पिछले 9 महिने में पेट्रोल की कीमतों में 23 प्रतिशत वृद्धि की गई है, मई 2010 में 48.84 रुपये में मिलने वाले पेट्रोल की कीमत बढ़ाते बढ़ाते आज 59.89 रुपये कर दी गई है । महंगाई के चलते जनता के सामने घोर संकट आ गया है ।
पहले ही जनता का महंगाई के चलते बुरा हाल है वहीं अब पेट्रोल की कीमत बढ़ाकर आग में घी डालने का काम कांग्रेसनीत केन्द्र सरकार ने किया है ।
महंगाई की आग में जल रही जनता से कांग्रेसनीत केन्द्र सरकार को कोई सरोकार नही है ।
प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राजेन्द्र पाध्ये ने कहा कि पेट्रोल मूल्यवृद्धि से ये सिद्ध हो गया है कि कांग्रेस का हाथ आम आदमी के साथ जैसे नारे लगाकर देश की जनता को बेवकूफ बनाकर सत्ता में आने वाली कांग्रेस सत्ता में आने के बाद उसी जनता का जीना दुश्वार कर देती है।
सिर्फ पेट्रोल ही नही बल्कि प्याज, लहसुन, दाल, तेल, शक्कर जैसी रोजमर्रा की तमाम वस्तुएं गरीबों और मध्यम वर्ग की पहुंच से दूर होती चली जा रही है । केन्द्र की कांग्रेस सरकार जनता की जेब में डाका डालने का काम दबंगता से कर रही है । अटल बिहारी वाजपेयी की एनडीए सरकार के कार्यकाल में 6 वर्षों में पेट्रोलियम पदार्थों में वृद्धि 10 प्रतिशत हुई थी परन्तु कांग्रेसनीत यूपीए सरकार में यह वृद्धि साढ़े छह सालों में 40 प्रतिशत से भी अधिक की हो चुकी है । एनडीए सरकार के समय परमाणु परीक्षण के कारण आर्थिक प्रतिबन्ध, प्राकृतिक आपदाओं और कारगिल जैसे युद्ध होने
के बाद भी सरकार ने मूल्यवृद्धि पर पूर्ण नियंत्रण रखते हुए जनता को राहत दी थी । वर्तमान केन्द्र सरकार ने साजिश रचते हुए पेट्रोलियम कम्पनियों
पर से सरकारी नियंत्रण हटाने का जनविरोधी निर्णय लिया ताकि पेट्रोलियम कम्पनियां मनमानी करके मू्ल्यवृद्धि करती रहे और केन्द्र सरकार जवाबदारी से मुक्त हो जाए जबकि नियंत्रणमुक्त होने की आड़ में केन्द्र सरकार के ईशारे पर ही मूल्यवृद्धि की जा रही है, केन्द्र सरकार ने देश की जनता को बेवकूफ समझने की भूल की है मगर जनता समय आने पर इसका करारा जवाब कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों को देगी । उन्होने कहा कि कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी का यह कहना कि गठबंधन की मजबूरी के कारण महंगाई बढ़ रही है, बेहद हास्यास्पद है वहीं दूसरी तरफ केन्द्रीय मंत्रियों का दल अपनी बैठक में बेशर्मी के साथ कह रहा है कि जनता ही महंगाई के लिए दोषी है जनता को सलाह है कि वह कम और सस्ती चीजें खाए इस प्रकार कांग्रेस सरकार द्वारा अपने नाकारापन को छिपाने के लिए जनता पर दोष मढ़ा जा रहा है । एक तरफ लोग महंगाई से हलाकान है वहीं दूसरी तरफ केन्द्र सरकार के मंत्री व कांग्रेस के नेता महाघोटाले करके भ्रष्टाचार के नये नये रिकार्ड बना रहे हैं ।
केन्द्र सरकार वास्तव में जनता की नही बल्कि घोटालेबाजों की सरकार बन गई है । यूपीए सरकार उद्योगपतियों के इशारे पर काम कर रही है और इसके नेता विश्वमंदी की आड़ में अपना व्यक्तिगत खजाना भर रहे हैं ।
जिला भाजयुमो महामंत्री प्रदीप वर्मा ने कहा कि महंगाई और कांग्रेस एक दूसरे का पर्याय बन चुके हैं वोट के लिए लुभावने वादे करने वाली कांग्रेस
सत्ता में आने के बाद जनता को प्रताडि़त करने में कोई कसर नही छोड़ती पेट्रोल मूल्यवृद्धि के परिणाम दूरगामी होंगे ।


