नई दिल्ली। केजरीवाल सरकार को मज़दूरों से किये वादों की याद दिलाने दिल्‍ली सचिवालय पहुंचे दिल्‍ली के मज़दूरों पर आज दिल्‍ली पुलिस ने बुरी तरह लाठीचार्ज किया।
मजदूर नेता अजय स्वामी ने बताया कि “पुलिस ने बुरी तरह आंसू गैस के गोले छोड़े और दौड़ा-दौड़ाकर मज़दूरों को पीटा। बहुत से लोगों को काफी चोटें आई हैं, कइयों के सिर फूट गये हैं। प्रदर्शन में शामिल बहुत सारे मज़दूरों और कार्यकर्ताओं को गिरफ़्तार भी किया गया है। इनमें मज़दूर बिगुल अखबार के संपादक अभिनव और दिल्‍ली मेट्रो ठेका कामगार यूनियन की कानूनी सलाहकार शिवानी भी शामिल हैं। पुलिस ने मज़दूरों की बर्बर पिटाई को कवर करने के लिए वहां मौजूद थोड़े से मीडिया के लोगों और स्‍वतंत्र नागरिकों के कैमरे और मोबाइल फोन भी छीनकर तोड़ दिये।“
एक अन्य मज़दूर नेता कविता कृष्णपल्लवी ने बताया “दिल्‍ली सचिवालय के बाहर प्रदर्शन के बाद गिरफ्तार कर थाने में तीन घंटे से बैठाकर रखे गये मज़दूरों और कार्यकर्ताअों का अभी तक मेडिकल भी नहीं कराया गया है जबकि उनमें से कई को गंभीर चोटें आई हैं। दो व्‍यक्तियों के सिर फूटे हैं जिनसे काफी खून बहा है, एक महिला कार्यकर्ता वर्षा की हड्डी टूट गई है, शिवानी को घेरकर लाठियों से पीटा गया है और कपड़े फाड़े गये हैं। अन्‍य सभी गिरफ्तार व्‍यक्तियों को भी पिटाई से काफी चोटें आई हैं...”