महिलाओं पर हिंसा न रोक पाने के लिए राजनीतिक दल जिम्मेदार !
महिलाओं पर हिंसा न रोक पाने के लिए राजनीतिक दल जिम्मेदार !
लखनऊ 28 फरवरी। बलात्कार, महिला हिंसा पर रोक न लगने के जिम्मेदार क्य़ा राजनीतिक दल और सरकारें हैं ?
इस प्रश्न पर कपूरथला अलीगंज शहरा भवन के पास रीगल मानव सृजन सोसल वेलफयर सोसाइटी ने हस्ताक्षर अभियान चलाया। लोगों से सवाल पूछा जा रहा था कि महिला हिंसा/उत्पीड़न पर लगाम न लगने के लिए क्या मौजूदा सरकार या राजनैतिक पार्टियाँ जिम्मेदार हैx? 90 प्रतिशत लोगों ने इसका जवाब "हाँ" में दिया। हस्ताक्षर अभियान में छात्र-छात्राओं ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया।
संगठन की महासचिव मंजू शुक्ल के अगुवाई में लड़के लड़कियो ने जनता की राय ली और नई बहस छेड़ने कि कोशिश की। सैकड़ों लोगों ने राजनीतिक दलों और सरकारों को जिम्मेदार माना और महिलाओं को आगे आ कर लड़ने की जरूरत पर जोर दिया।
मंजू शुक्ल ने कहा कि हम लगातार महिला आजादी की जंग लड़ रहे हैं, पर सवाल ये है कि राजनीतिक दल और सरकारें अपनी जिम्मेदारी निभाएंगी कि नहीं। हम बहुत उत्साहित हैं कि जनता ने हमारे विचारों का समर्थन किया और हर किसी ने अपना जवाब हाँ में ही दिया। उन्होंने कहा कि हम जल्दी ही अपना एक प्रतिनिधि मंडल लेकर ज़िलाधिकारी से मिलेंगे और इस विषय पर वार्ता करेंगे।
हस्ताक्षर अभियान में मंजू शुक्ला के अलावा रिया, रिशिका सिंह, रश्मि, शालू अवस्थी, अभिशेक, मोहनीश खान शामिल रहे। अभियान एक बजे से 3:45 बजे तक चला।
मंजू शुक्ल ने बताया कि इसी श्रृंखला में कल एक मार्च को सहारा मॉल केपास हस्ताक्षर अभियान चलाया जायेगा और साथ ही नुक्कड़ सभायें भी की जायेंगी।


