लाठीचार्ज में शिक्षक की मौत : अखिलेश के मुस्कराते चेहरे के पीछे लोकतंत्र विरोधी खूनी चेहरा
शिक्षक कीमौत के जिम्मेदार मुख्यमंत्री इस्तीफा दें, अखिलेश यादव का फूँका पुतला
लखनऊ में शिक्षकों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज व शिक्षक की मौत के विरोध में आइपीएफ ने बबराला में मुख्यमंत्री का पुतला फूँका
#शिक्षक_की_मौत के जिम्मेदार मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इस्तीफा दें -अजीत यादव
बबराला 09दिसम्बर। लखनऊ में पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे शिक्षकों पर 7दिसम्बर को हुए बर्बर पुलिस लाठीचार्ज व लाठीचार्ज में घायल शिक्षक राम आशीष सिंह की मौत का विरोध करते हुए आज बबराला के इन्द्रा चौक पर आइपीएफ के कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का पुतला फूँका .

पुतला दहन के बाद नुक्कड़ सभा में बोलते हुए आल इण्डिया पीपुल्स फ्रंट (आइपीएफ)के प्रवक्ता अजीत सिंह यादव ने शिक्षकों पर लाठीचार्ज व शिक्षक रामआशीष सिंह की मौत के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को जिम्मेदार ठहराते हुए मुख्यमंत्री से नैतिकता के आधार पर इस्तीफे की मांग की।
उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली की शिक्षकों व कर्मचारियों की मांग जायज है।
जिस बर्बर तरीके से शिक्षकों पर लाठीचार्ज कराया गया है, उसने जाहिर कर दिया है कि मुख्यमंत्री अखिलेश के मुस्कराते चेहरे के पीछे एक लोकतंत्र विरोधी खूनी चेहरा छुपा हुआ है।
उन्होंने कहा कि संसद में भाजपा सरकार ने 2003 में आइपीएफआरडीए बिल पारित कर 01जनवरी 2004से पुरानी पेंशन समाप्त कर नई पेंशन स्कीम शुरू की थी। बाद में आई कांग्रेस सरकार ने उसे आगे बढ़ाते हुए 2013में नया बिल पारित कर दिया। प्रदेश की तत्कालीन मुलायम सरकार ने 2005में तथा अखिलेश सरकार ने 2012में कर्मचारी विरोधी नई पेंशन स्कीम को स्वीकृति दे दी।
शुरू से ही कर्मचारी इस नई पेंशन स्कीम का विरोध कर रहे हैं।
2004 से लागू नई पेंशन स्कीम दरअसल नो पेंशन स्कीम है .नई स्कीम कर्मचारियों के धन को शेयर बाजार के जरिये कारपोरेट घरानों को देने की साजिश है।

नई स्कीम कर्मचारियों व उनके परिजनों को सामाजिक सुरक्षा देने की जिम्मेदारी से सरकार को मुक्त करने व पूँजीघरानों को फायदा पहुँचाने की योजना है।
उन्होंने कहा कि नई पेंशन स्कीम के विरूद्ध संघर्ष में आइपीएफ शिक्षकों -कर्मचारियों का हर स्तर पर साथ देगा।
आइपीएफ ने मांग की है कि प्रदेश की अखिलेश सरकार केरल व त्रिपुरा की वामदलों की सरकारों तरह नई पेंशन स्कीम को खारिज करे व पुरानी पेंशन बहाल करे। केन्द्र की मोदी सरकार कर्मचारी विरोधी नई पेंशन स्कीम के पीएफआरडीए एक्ट 2013को रद्द कर पुरानी पेंशन बहाली को संसद में नया कानून बनाये।
पुतला दहन में सुनील यादव, छोटे, ओमकार यादव, श्रीपाल, मनोज, ओमपाल आदि दर्जनों आइपीएफ कार्यकर्ता शामिल रहे।