हम युद्धोन्माद फैला रहे हैं और जवान हिमस्खलन में शहीद हो रहे हैं
हम युद्धोन्माद फैला रहे हैं और जवान हिमस्खलन में शहीद हो रहे हैं
जम्मू-कश्मीर में बर्फीले तूफान का कहर जारी है और अब गुरेज में आए हिमस्खलन की चपेट में आने से शहीद होने वाले जवानों का आंकड़ा 15 हो गया है।
गुरुवार को चार और शवों को बरामद किया गया है जिसके बाद बचाव अभियान खत्म हो गया है।
शहीद होने वालों में एक मेजर और 14 जवान शामिल हैं।
उधर बांदीपोरा में भी बर्फ में दबने से चार लोगों की मौत की खबर आ रही है।
आपको बता दें कि घाटी में बेहद खराब मौसम और बर्फबारी से हालात खराब हैं। जगह-जगह बर्फीले तूफान या हिमस्खलन का सिलसिेला जारी है।
बुधवार के सीमा के पास गुरेज सेक्टर में हुए हिमस्खलन में सेना का कैंप दब गया था, जिसमें से सात जवानों के शव पहले ही निकाल लिए गए थे। इस घटना में एक जेसीओ सहित छह जवानों को बचा लिया गया है।
इसी इलाके में कल हुई हिमस्खलन की एक और घटना में सेना का एक निगरानी वाहन लापता हो गया था। इस घटना में भी अब तक तीन जवानों के शव हासिल किए गए हैं।
एक दिन पहले ही गांदरबल जिले के सोनमर्ग इलाके में स्थित सेना के एक शिविर में हिमस्खलन से एक मेजर की मौत हो गई थी।
दूसरी तरफ, कुपवाड़ा जिले में स्थित तुलेल में बर्फीला तूफान आने से चार लोगों की बर्फ की नीचे दबने से मौत हो गई थी।
मंगलवार शाम को ऐसे बर्फीले तूफान आने की चेतावनी पहले ही जारी की जा चुकी थी। बर्फीले तूफान से प्रभावित पूरे इलाके में बचाव कार्य किया जा रहा है.
कश्मीर में हिमस्खलन की तीन बड़ी घटनाएं
बुधवार से अब तक कश्मीर में हिमस्खलन की तीन बड़ी घटनाएं हो चुकी हैं। प्रशासन ने लोगों को घर में ही रहने की सलाह दी है।
जम्मू-कश्मीर में बर्फीले तूफान से जनजीवन पूरी तरह से अस्त व्यस्त है। और अब ये तूफान लगातार जानलेवा बनता जा रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक ये स्थति अभी ऐसे ही रहने वाली है।


