रांची। झारखंड में रांची हवाई अड्डे पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) और भाजपा के कार्यकर्ता भिड़ गए। झामुमो कार्यकर्ता केंद्रीय खनन मंत्री नरेंद्र तोमर का विरोध कर रहे थे। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ प्रधानमंत्री की मौजूदगी में हुई हूटिंग से नाराज झामुमो कार्यकर्ता नरेंद्र तोमर के आने की खबर सुनकर हवाई अड्डा पहुँच गए। गौरतलब है कि दो दिन पहले गुरूवार को मोदी के सामने सोरेन के खिलाफ हूटिंग हुई थी। प्रधानमंत्री की रैली में राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की लोगों ने कई बार हूटिंग की थी। हेमंत सोरेन गो बैक के साथ मोदी-मोदी के नारे भी लग रहे थे। जिसके बाद से ही झामुमो कार्यकर्ता प्रधानमंत्री मोदी से माफी माँगने की माँग कर रहे हैं।

बताया जाता है कि हूटिंग का बदला लेने के लिए कार्यकर्ता नरेंद्र तोमर के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। देखते ही देखते दोनों दलों के कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए। उपद्रव बढ़ता देख पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। इसके बाद विरोध स्वरूप झामुमो ने कल झारखंद बंद का ऐलान किया है।
Nobody raised slogans against CM, can't be considered as hooting against him-Narendra Singh Tomar(BJP) on non BJP CMs jeered

— ANI (@ANI_news) August 23, 2014
Black flags have been shown to agenda of development of PM Narendra Modi-Sambit Patra (BJP) on JMM-BJP workers' clash pic.twitter.com/JXWikFqCHT

— ANI (@ANI_news) August 23, 2014
बता दें कि झामुमो ने पहले ही कहा था कि मोदी सरकार के किसी भी मंत्री को पार्टी झारखंड में बेरोकटोक नहीं घूमने देगी। पार्टी केंद्रीय मंत्रियों के खिलाफ प्रदर्शन करेगी। मंत्रियों को काले झंडे दिखाए जाएंगे और सड़क जाम की जाएगी।

अभी भी यहां हालात बेकाबू बताए जाते हैं। सैकड़ों की तादाद में झामुमो कार्यकर्ता यहां पहुंचे।

हूटिंग मोदी के इशारे पर ?उधर पटना में बिहार के मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभाओं में विरोधी दलों के मुख्यमंत्रियों की हूटिंग की आलोचना करते हुए कहा है कि हो सकता है यह प्रधानमंत्री के इशारे पर हो रहा हो। उन्होंने कहा कि यह गलत परंपरा की शुरुआत है। श्री मांझी ने इसे अलोकतांत्रिक बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री किसी पार्टी का नहीं होता है। प्रोटोकाल के अनुसार प्रधानमंत्री को रिसीव करने मुख्यमंत्री जाते हैं और प्रधानमंत्री की सभा में भाग लेते हैं। उन्होंने कहा कि अगर वहां असामाजिक तत्वों द्वारा मुख्यमंत्री की हूटिंग होती है और प्रधानमंत्री इसे रोकने के लिए कोई बात नहीं कहते, तो हो सकता है कि प्रधानमंत्री के इशारे पर ऐसा हो रहा हो।