70 साल में पहली बार शर्मिंदा हुआ चुनाव आयोग : भाजपा नेता ने घोषणा से पहले ही बता दीं कर्नाटक विधानसभा चुनाव की तारीख
70 साल में पहली बार शर्मिंदा हुआ चुनाव आयोग : भाजपा नेता ने घोषणा से पहले ही बता दीं कर्नाटक विधानसभा चुनाव की तारीख
नई दिल्ली: मुख्य चुनाव आयुक्त ओपी रावत के कर्नाटक चुनाव की तारीखों के ऐलान के लिए बुलाई गई प्रेस कॉन्फेंस उनके लिए शर्मिंदगी की वजह बन गई। एनडीटीवी की ख़बर के मुताबिक रावत कर्नाटक की चुनाव की तारीखों की जानकारी दे ही रहे थे तभी उन्हें पत्रकारों ने बीच में रोक दिया और कहा कि आपने तो तारीखें नहीं बताई लेकिन भाजपा के आईटी सेल के मुखिया अमित मालवीय पहले ही तारीखों को लेकर ट्वीट कर चुके हैं। जिस पर चुनाव आयुक्त हक्के बक्के रह गए और उनका चेहरा लाल हो गया।
रावत ने वहां बैठे तुरंत अपने अधिकारियों से कहा कि ये क्या हो रहा है इस पर सभी अधिकारी बगले झांकने लगे और पत्रकार हमलावर तेवर में आ गए। रावत ने वहां मौजूद प्रेस से अपील करते हुए कहा कि पहले उन्हें सुन लिया जाए।
उधर मालवीय ने ट्विटर पर एक अंग्रेजी चैनल का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें जानकारी उस चैनल मिली है। लेकिन तब तक बात हाथ से निकल चुकी थी। मुख्य चुनाव आयुक्त ने जैसी ही मतगणना की तारीख का ऐलान किया वो वही तारीख थी जो मालवीय ने लिखी थी। लेकिन मुख्य चुनाव आयुक्त के लिए राहत ये रही कि मतगणना की तारीख 15 मई थी जो लीक हुई तारीख से अलग थी।
The sanctity of #KarnatakaElections2018 as well as the authority of the Election Commission are both undermined today with a BJP functionary & a couple of channels announcing poll dates before the EC did. Whats going on?
— barkha dutt (@BDUTT) March 27, 2018
बाद में पूछे गए सवालों पर मुख्य चुनाव आयुक्त यही कहते रहे कि इस पर जांच कर कड़ी कार्रवाई करेंगे। अब पत्रकारों के बीच ये सवाल पूछे जाने लगे कि अगर किसी चैनल में तारीख पहले से आई थी तो उसे किसने बताई। लेकिन इतना तय है कि चुनाव आयोग इतिहास में किसी भी चुनाव आयुक्त के लिए ऐसी शर्मिंदगी पहले कभी नहीं हुई वो भी एक ऐसे वक्त में जब चुनाव आयोग आम आदमी पार्टी के विधायकों की सदस्यता रद्द होने पर हाईकोर्ट के फैसले से पहले ही बचाव की मुद्रा में है।
BJP becomes the ‘Super Election Commission’ as they announce poll dates for Karnataka even before the EC.
Credibility of EC is on test.
Will EC now issue notice to BJP President, Amit Shah & register an FIR against BJP IT Head for leaking EC’s confidential information? pic.twitter.com/i3vU2iJpjH— Randeep Singh Surjewala (@rssurjewala) March 27, 2018
आपको बता दें कि चुनाव आयोग ने आज कर्नाटक विधानसभा चुनाव के तारीखों की घोषणा कर दी है। राज्य में एक ही चरण मतदान होंगे और 12 मई को चुनाव होंगे और 15 मई को नतीजे आएंगे। कर्नाटक में 56 हजार पोलिंग स्टेशन होंगे। कर्नाटक में आज से आचार संहिता लागू हो गई है।
If Election Commission wants to reclaim authority it needs to issue notice to all those- party functionary as well as channels - that were able to out #KarnatakaElections2018 poll dates before the CEC did. Unprecedented
— barkha dutt (@BDUTT) March 27, 2018


