स्तंभ - Page 73
किसानों के लिए मोदी जो जाल बुनना चाहते हैं, उसमें वे खुद ही फँस जाएंगे
किसानों के लिए मोदी जो जाल बुनना चाहते हैं, उसमें वे खुद ही फँस जाएंगे
लोकतंत्र के बिंदास लेखक नागार्जुन
Nagarjuna: The fearless writer of democracy बाबा नागार्जुन की कविताओं को मंदी, नवउदारीकरण और लोकतंत्र के संदर्भ में पढ़ना उनके काव्य की नई समझ देता...












