आइसा के दलित नेता पर हमले की कड़ी निंदा
आइसा के दलित नेता पर हमले की कड़ी निंदा
लखनऊ, 3 अगस्त। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (माले) ने गुरुवार को लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में दलित समुदाय से आने वाले आइसा नेता रतन सेन बादल पर एबीवीपी-समर्थित गुंडों द्वारा किये गये शारीरिक हमले की कड़ी निंदा की है।
पार्टी राज्य स्थायी समिति (स्टैन्डिंग कमेटी) सदस्य अरुण कुमार ने इसे भगवा गुंडागर्दी बताते हुए हमलावरों को गिरफ्तार करने की मांग की। उन्होंने कहा कि योगी राज में लोकतंत्र की आवाज को बलपूर्वक दबाने की कोशिश हो रही है और दलितों को खास निशाना बनाया जा रहा है। विश्वविद्यालय प्रशासन भी ऐसे गुंडा व अराजक तत्वों के खिलाफ ठोस कार्रवाई न कर उनका मनोबल बढ़ाने में मददगार की भूमिका निभा रहा है। इसके चलते आइसा नेताओं पर परिसर में बार-बार शारीरिक हमले हो रहे हैं। कुछ समय पूर्व, ऐपवा की राष्ट्रीय सचिव कविता कृष्णन पर भी एक कार्यक्रम के दौरान लविवि परिसर में एबीवीपी वालों ने हमले के साथ अभद्रता की थी। उसमें भी हमलावरों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई थी।


