चल झूठे, एसटीएफ का एएसपी झूठ नहीं बोल सकता !
चल झूठे, एसटीएफ का एएसपी झूठ नहीं बोल सकता !
जफरयाब जीलानी साहब ये आवाज आप तक पहुँच चुकी क्या ? मुकदमें वापस लेने के नाम पर गुमराह कर रही है सरकार- रिहाई मंच बेगुनाहों की रिहाई के मुद्दे पर सांप्रदायिक ध्रुवीकरण कराना चाहती है सपांवरुण गांधी निरंधोष है सपां सरकार की नजर में
एक तरफ जहाँ जाना मश्जिद के इमाम अहमद बुखारी आरोप लगा रहे हैं कि उत्तरी प्रदेश की सपां सरकार हर मोर्चे पर असफल साबित हुई है और प्रदेश में मुसलमानों की जान की कीमत तीन से पांच लाख रुपये है तो दूसरी ओर प्रदेश के अपर महाधिवक्ता और कल तक बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी के बड़े नेता रहे जफरयाब जीलानी का साफ कहना है कि उनके पास जो मामले आए उनमें से कुल एक या दो ही वापिस लिए जाने योग्य हैं जबकि अमरोहा (जेपी नगर) के मोहल्ला चिल्ला निवासी मु0 रिजवान सिद्दीकी पुत्र शरीफ मु0 शफीक चिल्ला कर रहा है कि उसे फर्जी फंसाया गया।
इटावा में पत्रकारों से अहमद बुखारी ने कहा कि मुसलमान सरकार बना सकता है तो उसे गिरा भी सकता है। सपा सरकार ने अब तक मुसलमानों के साथ जो वादे किए थे, एक भी पूरा नहीं किया। आतंकवाद के नाम पर बेगुनाहों को फंसाया जा रहा है। सुरक्षा देना तो दूर, सरकार दंगा-फसाद भी नहीं रोक सकी। मथुरा, बरेली, गाज़ियाबाद सहित अनेक शहरों में हुए दंगे सरकार की नाकामी को उजागर करते हैं।
दूसरी तरफ बताया जाता है कि बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी के बड़े नेता रहे जफरयाब जीलानी जो अब प्रदेश के अपर महाधिवक्ता भी हैं, ने बदायूं में एक कार्यक्रम में साफ कर दिया कि सरकार के पास कुल डेढ़ दर्जन शिकायते मुसलमानों को गलत तरीके से जेल भेजने की आईं जिनमें कुल एक या दो ही वापिस लिए जाने योग्य हैं। जीलानी साहब का कहना है कि उनकी बात का अर्थ यही निकलता है कि ये
आरोप फर्जी हैं कि प्रदेश की जेलों में बेगुनाह मुसलमान बंद हैं। लेकिन अमरोहा (जेपी नगर) के मोहल्ला चिल्ला निवासी मु0 रिजवान सिद्दीकी का पत्र साफ कह रहा है कि उसे फर्जी फंसाया गया...


