जारी है अफवाहों का कारोबार
जारी है अफवाहों का कारोबार
शुरू होने से भी पहले
चुनाव प्रचार और प्रसार
साज़िशन बुनी गयी
लुड़काऊ मानसिकता
जिताऊ के पक्ष में वोट की
अब लेने लगी आकार
जैसे ध्रुवीकरण के पक्ष में
चीख रहें हों जीत और हार
कि मत करना मत बेकार
क्योंकि कह रहा अख़बार
रह गयी सिर्फ दोनों के बीच में टक्कर
तीसरी शक्ति दरकिनार
दिखा रहे टी.वी. समाचार
करने को कॉरपोरेट सपना साकार
जारी है अफवाहों का कारोबार
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