भोपाल। नर्मदा घाटी के क्षेत्र में जनता के बीच चुनाव प्रक्रिया और जनतंत्र के बारे में जाग्रति लाने तथा मतदान के पहले जनता और प्रत्याशी, उनके दलों के पदाधिकारियों के बीच संवाद स्थापित करने के लिए, नर्मदा बचाओ आंदोलन, कई सालों से विधान सभा/ लोकसभा चुनाव के पूर्व लोकमंच कार्यक्रम का आयोजन करता आया है। आगामी 25 नवंबर, 2013 के रोज होने वाले मध्य प्रदेश विधान सभा के चुनाव के पहले भी इसी प्रकार का कार्यक्रम बडवानी और धार जिले के कई विधान सभा क्षेत्रों को लेकर आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम में अपने क्षेत्र के मुद्दों तथा सवालों पर प्रत्याशियों को अपनी भूमिका सामने रखने का अवसर दिया जाएगा और पिछले 5 सालों में क्या किया और क्या नहीं, इसका भी हिसाब लिया जाएगा।

नर्मदा बचाओ आंदोलन की तरफ से कहा गया है, कि “आने वाले मध्य प्रदेश विधान सभा के चुनाव निर्णायक चुनाव हैं। चुनाव भारतीय जनतंत्र का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होते हुए, उसकी प्रक्रिया में न केवल जनप्रतिनिधी कानून और चुनाव आयोग के विविध आदेशों का, बल्कि जनतांत्रिक प्रक्रियाओं का आधार जरूरी हैं। 121 करोड़ जनसंख्या के इस देश में जात-पात, पंथ, धर्म के बावजूद नागरिकत्व के आधार पर एक नागरिक, एक वोट की समानता आज तक इस देश के जनतांत्रिक ढाँचे को बनाके रखी हुई हैं। इसके बावजूद कि मतदाताओं को अपने जनप्रतिनिधि चुनने का और उसके द्वारा अपना राज्य चलाने में योगदान का अधिकार हैं, जब मत/वोट शराब या पैसे के आधार पर ही लिये या दिये जाते हैं, तब अधिकार की अवमानना और मतदाता का शोषण ही नतीजा होता है। चुनाव और जनतंत्र के उद्देश्यों पर दाग लग जाता है। यह सब टालने के लिए जरूरी है जनता का प्रबोधन और चुनाव में उतरने वाले दल तथा प्रत्याशियों पर जनता की निगरानी। आचार संहिता के पालन संबंधी निगरानी जैसे जरूरी है, वैसे ही विचार संहिता को प्रस्थापित करना भी जनता और जनप्रतिनिधि बनने जा रहे प्रत्याशी और उनके दल, दोनों के लिए बेहद जरुरी है। इसी से राजनीतिक मूल्य और राजनीतिक जवाबदेहिता बचेगी अन्यथा विकृत आधार पर बेबुनियादी मुद्दों पर आने वाले चुनाव से आने वाले 5 सालों तक न ही सही जनप्रतिनिधित्व हो पायेगा, न ही जनतंत्र हासिल होगा। जनता की समस्याएँ, प्राथमिकताएँ निश्चित करना तथा जन-जन का स्थान और सम्मान बचाने के लिए, जरूरी है चुनाव में विकृतियों से बचना।“

बडवानी-अंजड, ठिकरी-राजपुर और कुक्षी विधान सभा क्षेत्र के सभी प्रत्याशी और उनके दल के पदाधिकारfयों को आंदोलन ने 13 नवंबर के रोज ठीक 11 बजे झण्डा चौक, बडवानी में आयोजित विशेष लोकमंच कार्यक्रम पर आमंत्रित किया है, जहाँ बड़ी जनसंख्या में नर्मदा घाटी के गाँव तथा शहरों से मतदाता हाजिर रहेंगे। इसी प्रकार से, मनावर और धरमपुरी विधान सभा क्षेत्र के सभी प्रत्याशी और उनके दल के पदाधिकारियों को 13 नवंबर के ही रोज शाम 5 बजे, राजवाडा चौक, धरमपुरी, में एक और विशेष लोकमंच कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया है।

आंदोलन की तरफ से कहा गया है कि मुख्य रूप से अपने-अपने विधान सभा क्षेत्र के विकास, नर्मदा घाटी की-सरदार सरोवर संबंधी- समस्या और हकीकत, आदिवासियों के अधिकार और विकास, खेती और खेतीहर, इंदिरा सागर और ओंकारेश्वर नहरें और उसकी खेती पर असर, औद्योगीकरण का खेती पर असर, बिजली की समस्या, मजदूर-मछुआरे-कुम्हार-व्यापारी-कारीगर आदि तबकों का पुनर्वास और प्रगति, भ्रष्टाचार की समस्या, रोजगार गारंटी, वृद्धा, विकलांग और विधवा पेंशन तथा अन्य राज्य स्तरीय और राष्ट्रीय मुददों पर लोकमंच से प्रत्याशी अपने विचार प्रस्तुत करेंगे और अपने दल के लेटर हेड पर लिखित में भी पेश करेंगे। उनका विचार और जनता के प्रति पत्र चुनाव क्षेत्र के कोने-कोने में जरुर पहुँचाया जाएगा। बडी संख्या मे डूब प्रभावित और अन्य स्थानीय लोग, आन्दोलन के कार्यकर्ता एवं मेधा पाटकर भी इस कार्यक्रम मे उपस्थित रहेंगे।