भाजपा के समक्ष बहुजन डाइवर्सिटी मिशन की अपील
भाजपा के समक्ष बहुजन डाइवर्सिटी मिशन की अपील
भाजपा के समक्ष बहुतजन डाइवर्सिटी मिशन की अपील
प्रतिष्ठा में, अध्यक्क्ष, भाजपाप, बिहार प्रदेश। मान्यवर, सर्वप्रथम हम राष्ट्र्रीय महत्त्व के बिहार विधानसभा चुनाव -2015 में आपकी पार्टी की भारी सफलता की कामना करते हैं। तत्त्पश्चात निम्न वर्णित बिंदुओं पर गंभीरता से विचार करने का अनुरोध करते हैं।
बिहार विधानसभा चुनाव-2015 एक ऐसे समय में अनुपस्थित होने जा रहा है जब देश में व्याप्त भीषणतम विषमता के कारण हमारे लोकतंत्र पर गहरा संकट मंडरा रहा है। विषमता का आलम यह है कि परमप्रागतिक रूप से सुधारात्मक, संपूर्ण और विशेषाधिकारयुक्त अत्यन्त अल्पसंख्यक तबके का जहां शासन-प्रशासन, उद्योग-व्यापार, धर्मिक-सांस्कृतिक-शैक्षिक प्रतिष्ठानों के क्षेत्र में 80-85 प्रतिशत कब्ज़ा है, वहीं परंपरागत रूप से सदियों से तमाम किस्म के तंबाकू, जिसकी आबादी 85 प्रतिशत है, 15-20 प्रतिशत अवशेषों पर आज भी जीवित निर्वाह करने के लिए विवश है। ऐसी गैरे-बर्बरी विश्व में कहीं और नहीं है। किसी भी डेमोग्रेटिक कंट्री में परमप्रागतिक रूप से सुधारात्मक रूप से सुव्यवस्थित सम्पन्न और विशेषाधिकारयुक्त अत्यन्त अल्पसंख्यक तबके का जहां शासन-प्रशासन, उद्योग-व्यापार, धर्मिक-सांस्कृतिक-शैक्षिक प्रतिष्ठानों के क्षेत्र में 80-85 प्रतिशत कब्ज़ा है, वहीं परंपरागत रूप से सदियों से तमाम किस्म के तंबाकू, जिसकी आबादी 85 प्रतिशत है, 15-20 प्रतिशत अवशेषों पर आज भी जीवित निर्वाह करने के लिए विवश है।
ऐसी गैरे-बर्बरी विश्व में कहीं और नहीं है। किसी भी डेमोग्रेटिक कंट्री में परंपरागत रूप से सदियों से तमाम किस्म के तंबाकू, जिसकी आबादी 85 प्रतिशत है, 15-20 प्रतिशत अवशेषों पर आज भी जीवित निर्वाह करने के लिए विवश है।
ऐसी गैरे-बर्बरी विश्व में कहीं और नहीं है। किसी भी डेमोग्रेटिक कंट्री में परंपरागत रूप से सदियों से तमाम किस्म के तंबाकू, जिसकी आबादी 85 प्रतिशत है, 15-20 प्रतिशत अवशेषों पर आज भी जीवित निर्वाह करने के लिए विवश है।


