मोदी जी, क्या गुजरात में सिंचाई, पढ़ाई और दवाई मुफ्त है
मोदी जी, क्या गुजरात में सिंचाई, पढ़ाई और दवाई मुफ्त है
गोंडा, 3 फरवरी। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने पूछा है कि क्या गुजरात में सिंचाई, पढ़ाई और दवाई मुफ्त है?
शहीद भगत सिंह इंटर कालेज मैदान में आयोजित सपा की 'देश बचाओ-देश बनाओ' रैली को सम्बोधित करते हुये मुलायम ने यह सवाल उठाया। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी पर पलटवार करते हुये उन्होंने कहा, "मैंने रविवार को मोदी की मेरठ रैली का भाषण सुना। वह भाषण में झूठी बातें करते हैं। उन्होंने किसानों को लेकर जो अखिलेश सरकार के खिलाफ आरोप लगाये वे बेबुनियाद थे।"
श्री यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में सपा सरकार ने किसानों का 1600 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया और किसानों की जमीनों को नीलाम होने से बचाने के लिये प्रावधान किया। उन्होंने मोदी से सवाल पूछते हुये कहा,
"मोदी साहब, बताइये कि क्या गुजरात में दवाई, पढ़ाई, सिंचाई मुफ्त है? क्या गुजरात में आपने छात्रों को लैपटॉप बाँटे हैं?"
गुनगुनी धूप के बीच जो एक बार मुलायम सिंह यादव ने भाजपा नेता नरेंद्र मोदी पर निशाना साधना शुरू किया तो वह अन्त तक जारी रहा। बात कहीं की भी होती मुलायम सिंह यादव घूम फिरकर नरेंद्र मोदी को अपने निशाने पर ले लेते।
रविवार को गोरखपुर की रैली में गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किये गये सवालों का न केवल मुलायम सिंह ने अपने भाषणों के दौरान एक - एक कर उत्तर दिया बल्कि उन्हीं सवालों के माध्यम से नरेंद्र मोदी को घेरने में कोई कसर नहीं छोड़ी। मुलायम सिंह यादव ने कहा कि उन्होंने मोदी के पूरे भाषणों को सुना था और मोदी भी उनके भाषणों को सुन रहे हैं। वह आरोप लगा रहे हैं कि सपा एक ही वर्ग का भला कर रही है जबकि ऐसा नहीं है। सपा की नीति बिना भेदभाव के काम करने की है। मुजफ्फरनगर के दंगे दुर्भाग्यपूर्ण हैं, इसका हमें दुख है। प्रदेश की सरकार ने यहाँ के पीडि़तों का बिना किसी भेदभाव के साथ सहयोग किया। 64 मौतों में से जहाँ 46 मुस्लिम थे तो बाकी हिंदू थे। हमने सभी को समान रूप से मुआवजा दिया और मृतक आश्रित को एक सप्ताह के अन्दर सरकारी नौकरी दी, लेकिन मोदी साहब बताएं कि गुजरात के दंगे में उन्होंने क्या किया। देश के किसी भी प्रदेश की सरकार ने क्या दंगा पीडि़तों को इतनी जल्द मुआवजा राशि दी। उन्होंने कहा कि रैली में भीड़ की शुरूआत भी मोदी ने ही की थी अब भीड़ से पीछे हट गए हैं तो हमें भी कोई दिक्कत नहीं है जहाँ तक प्रश्न विकास का है तो हम बता देना चाहते हैं कि मोदी जी दस साल से सत्तासीन हैं और हमने जनता से पाँच साल माँगे हैं। विकास कार्य शुरू हो गये हैं, पाँच साल में हम विकसित प्रदेश बना देंगे और जनता ने दूसरी बार मौका दिया तो प्रदेश विकास के मामले में कहीं पीछे नहीं रहेगा। हर तरफ खुशहाली होगी।
जहाँ चाहें बहस कर लें मोदी
मुलायम सिंह यादव ने गुजरात के मुख्यमंत्री को खुली बहस करने की चुनौती दे दी है। सपा नेता ने कहा कि यदि वह ओपन फोरम पर बहस नहीं करना चाहते हैं तो पत्र लिखें हम उसका उत्तर देंगे, लेकिन उत्तर प्रदेश और समाजवादी पार्टी से वह मुकाबला नहीं कर सकते हैं। यदि गुजरात के 6 करोड़ लोग सम्पन्न हैं तो उत्तर प्रदेश की 21 करोड़ की आबादी में 10-12 करोड़ संपन्न लोग हैं। हम पर आरोप लगाने वाले मोदी स्वयं बताएं कि उनकी सरकार गुजरात में सिक्खों पर अत्याचार क्यों कर रही है, उनकी भूमि पर कब्जा
क्यों किया जा रहा है। सपा ने अपने शासनकाल में सिक्खों को तराई इलाके में जमीन दी थी और उसका नामांतरण भी करा दिया था। उन्होंने कहा कि मोदी ने पहले रैलियों में भीड़ जुटाने के मुकाबले की शुरुआत की। उसमें जब हार गये तब विकास में मुकाबले की बात कर रहे हैं।
सपा प्रमुख ने कहा,
"मोदी जी, आप उत्तर प्रदेश और समाजवादी पार्टी से क्या मुकाबला करोगे। हमारी पार्टी की नीतियों से उत्तर प्रदेश अगले पाँच साल के अन्दर देश का सबसे विकसित राज्य होगा। राज्य के नौजवान हमारा साथ दें।" मुलायम ने कहा कि सपा सरकार ने बिना भेदभाव के मुजफ्फरनगर दंगा पीड़ितों की जिस तरह मदद की, उतनी मदद आज तक किसी सरकार ने दंगा पीड़ितों की नहीं की। मोदी बताएं कि गोधरा दंगा पीड़ितों के लिये उन्होंने क्या मदद की?
सपा प्रमुख ने कहा, "मोदी ने मुझे गोधरा दंगा पीड़ितों से सीधे तौर पर मिलने नहीं दिया था। लेकिन फिर भी वहाँ जाकर मैंने दंगा पीड़ितों, खासकर महिलाओं से उनका दर्द सुना। उनकी आपबीती सुनकर मेरा सिर शर्म से झुक गया।"
हमारे गलत फैसले से पैदा हुयी बसपा
समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव ने कहा कि आज वक्त आ गया है कि हमें पता करना होगा कि भाजपा, कांग्रेस और सपा की क्या नीतियाँ हैं। बसपा की तो कोई बात ही नहीं है। बसपा हमारे गलत फैसले से पैदा हुयी, उसका तो कोई अस्तित्व ही नहीं था। बसपा कैसे अस्तित्व में आई इसका किस्सा सुनाते हुये मुलायम सिंह यादव ने कहा कि लालकृष्ण आडवाणी ने उन्हें एक कार्यक्रम के दौरान चुनौती दी थी कि अब मुलायम कभी उत्तर प्रदेश के दुबारा मुख्यमंत्री नहीं बन सकते हैं, इसे हमने स्वीकार किया और जहाँ से शक्ति मिली उसे लिया और जिसे जरूरत पड़ी उसे शक्ति दी और हम 1989 व 1993 में मुख्यमंत्री बने, हालाँकि इसी फैसले से बसपा को शक्ति मिल गई और वह
अस्तित्व में आ गई।
महँगाई, भ्रष्टाचार और विदेश नीति को लेकर मुलायम ने केंद्र की संप्रग सरकार पर निशाना साधते हुये कहा कि कांग्रेस की सरकार में केवल भ्रष्टाचार हुआ। आज देश के ऊपर जितना विदेशी कर्ज और विकास का बजट है, उससे ज्यादा देश का पैसा विदेशी बैंकों में जमा है। विदेश नीति के मोर्चे पर भी ये सरकार विफल रही। चीन की सेना हमारी सीमा में 19 किलोमीटर तक घुस आई, ये बहुत गम्भीर मामला है।
मुलायम ने कहा, "महंगाई रोकने की नीति केवल सपा के पास है। महंगाई केवल दाम बांधो नीति से ही रुक सकती है। मैंने प्रधानमंत्री को इसका सुझाव भी दिया, लेकिन उन्होंने अनसुना कर दिया।"
चाहें तो जेल में डाल दें केजरी को
ईमानदारी के नए पैदा हुए ठेकेदार अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुये मुलायम ने कहा कि ये अकेला ईमानदार कौन है। मेरे ऊपर कोई मामला नहीं है, और ये मुझे भ्रष्ट बोल रहा है। ये अकेला ईमानदार है और बाकी सब बेइमान हैं। उन्होंने कहा कि क्यादेश के सभीनेता भ्रष्ट हो सकते, और सूची जारी करने वाला ही ईमानदार हो, ऐसा हो हीनहीं सकता है। किसी पर भ्रष्टाचार के लिए जरूरी है कि किसी भी एजेंसी से निष्पक्ष जांच करा ली जाए और हमें तो सीबीआई ने 17 जांच की लंबी जांच के बाद निर्दोष साबित कर दिया है। अब जांच इस बात की होनी चाहिए कि खुद को ईमानदार कहनेवाले केजरीवाल ने नौकरी क्यों छोड़ी, कहीं वह भ्रष्टाचार में तो लिप्त नहीं थे। मुलायम सिंह यादव ने कहा कि केजरीवाल ने उन्हें भ्रष्ट कहा है, हम तो मुकदमा नहीं करना चाहते हैं वरना उन्हें जेल में डाल दें।
रैली में भारी संख्या में मौजूद युवाओं को सम्बोधित करते हुये मुलायम ने कहा कि सपा ने नौजवान मुख्यमंत्री बनाया है। नौजवान विधायक हैं। इसलिए आप सपा का साथ दो।
(जनादेश न्यूज नेटवर्क के साथ हस्तक्षेप डेस्क)


