युवाओं में देश के प्रति समर्पण भाव आवश्यक – बी. एस. मिरगे
युवाओं में देश के प्रति समर्पण भाव आवश्यक – बी. एस. मिरगे
युवाओं में देश के प्रति समर्पण भाव आवश्यक – बी. एस. मिरगे
वर्धा, 14 अगस्त 2018: भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में देश के अनेक नेताओं ने योगदान देकर भारत को स्वतंत्र करने में अपनी अहम भूमिका निभायी है। स्वतंत्र भारत के सात दशकों में हमने अनेक क्षेत्रों में प्रगति की है तथा विकास के क्रम में अग्रसर हो रहे हैं। देश में ज्ञान-विज्ञान के साथ-साथ सुरक्षा, बंधुता और एकात्मता की ओर बढ़ने के लिए युवाओं को देश के प्रति समर्पण का भाव जगाने की आवश्यकता है।
उक्त आशय के विचार महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय, वर्धा के जनसंपर्क अधिकारी बी. एस. मिरगे ने व्यक्त किये। वे भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अंतर्गत फिल्ड आऊटरिच ब्यूरो, वर्धा की ओर से मांडवा गांव में स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर विशेष प्रचार कार्यक्रम के तहत ‘भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में नेताओं का योगदान’ विषय बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विवेक माध्यमिक विद्यालय मांडवा की मुख्याध्यापिका श्रीमती ए. एस. हेटे ने की। इस अवसर पर केंद्र प्रमुख आर.डी. राठोड़, सरपंच आरतीताई देशमुख, पंचायत समिति सदस्य वंदना बावने, पाल्य संघ के उपाध्यक्ष कराले, फिल्ड आऊटरिच ब्यूरो के बी. पी. रामटेके, पुलिस पाटिल अरूण कुटे, हिंदी विवि के राजदीप राठौर, मांडवा के नागरिक तथा विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
बी. पी. रामटेके ने कार्यक्रम का प्रास्ताविक किया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती धोटे ने किया तथा आभार उमाले ने माना। कार्यक्रम में भाषण एवं निबंध लेखन प्रतियोगिता में विजेताओं को अतिथियों की ओर से पुरस्कार प्रदान किये गये। भाषण स्पर्धा का प्रथम पुरस्कार पारमिता पृथ्वीराज तामगाडगे, द्वितीय विश्वजित मुरलीधर ठाकरे, तृतीय ज्ञानेश्वरी महादेवजी भिवणकर, चौथा गायत्री रमेशराव खोड़े को तथा पांचवा पुरस्कार स्मृति निरंजनसिंह पंढरे को दिया गया।
निबंध स्पर्धा का प्रथम पुरस्कार अक्षदा कवडुजी नाखले, द्वितीय पुरस्कार श्रेया सुनीलराव व्यवहारे, तृतीय पुरस्कार साक्षी विश्वनाथ कासार, चौथा पुरस्कार ऋषिकेश विठ्ठलराव जामनकर को तथा पांचवा पुरस्कार सारिका नागोराव नेहारे को प्रदान किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं महात्मा गांधी तथा डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया गया। विद्यार्थियों ने अतिथियों का स्वागत गीत के माध्यम से किया। इस अवसर पर मंचासीन अतिथियों ने अपने समयोचित विचार रखे।


