अंशुल तिवारी

मैनपुरी। महिलाओं को स्वावलंबी बनाने के लिये तमाम प्रयास किये जा रहे हैं। महिलाओं के सशक्तिकरण हेतु कई योजनायें भी चलाईं जा रही हैं लेकिन अचल संपत्ति की खरीद में महिलाओं को स्टांप शुल्क में 20 प्रतिशत की रियायत सशक्तिकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित हुई है।
जनपद के तीनों उप निबंधक कार्यालयों में हुये बैनामे पर नजर डालें तो स्पष्ट होता है कि कुल बैनामों में से करीब दो तिहाई ऐसे होते हैं, जिनका विलेख महिलाओं के नाम पर निस्पादित कराया जाता है। वर्ष 2006 में उक्त शासनादेश के लागू होने से पूर्व के समय में होने वाले बैनामों में महिलाओं के नाम होने वाले बैनामों की संख्या कुल बैनामों की संख्या के एक चैथाई से कम हुआ करती थी जबकि इससे पूर्व के वर्षों में महिलाओं के नाम होने वाले बैनामों में एक सैकडा का आंकडा भी प्रतिवर्ष पार नहीं कर पाते थे। लेकिन महिलाओं को दी जाने वाली रियायत संबन्धित शासनादेश ने महिलाओं की तकदीर ही बदल दी है। जहां अपने पैरों पर खडी महिलायें भी अपने नाम संपत्ति खरीदने में शासनादेश ेका फायदा उठाती हैं। ऐसे भी तमाम मामले सामने आते हैं जिसमें पुरूष स्टांप शुल्क में छूट का लाभ उठाने के लिये संपत्तियों के बैनामे अपने घर की महिला सदस्यों के नाम करा देते हैं। इस प्रक्रिया से उन्हें दोहरा लाभ होता है, एक तो संपत्ति का बैनामा उनके अपने के नाम हो जाता है वहीं उन्हें स्टांप शुल्क भी कम अदा करना पडता है।
जनपद मैनपुरी में महिला को स्टांप शुल्क में छूट देने से प्रतिवर्ष करोडों रूपये के राजस्व की हानि विभाग को उठानी पड रही है। वहीं बैनामों की दृष्टि से देखा जाये तो उप निबंधक सदर कार्यालय में महिलाओं के नाम प्रतिवर्ष सर्वाधिक बैनामे होते हैं। यह संख्या उप निबंधक कार्यालय करहल में सबसे कम है। जिले के तीनों उप निबंधक कार्यालयों से मिले आंकडे बताते हैं कि प्रति वर्ष होने वाले बैनामों में महिलाओं के नाम होने वाले बैनामों की संख्या सर्वाधिक है। सरकार की इस इनायत ने महिलाओं को भूस्वामी, मकानदार व आवासीय प्लाटों का स्वामी बना दिया है। भले ही इस सबमें महिलाओं के घरों के पुरूष सदस्यों की पूंजी लगाई गई हो लेकिन अचल संपत्तियों की मालिक बनने के बाद अब महिलाओं में आत्म विश्वास बढने के साथ साथ अब उनका जीवन भी सुरक्षित हो गया है।

जनपद में होने वाले बैनामे एक नजर में
उप निबंधक कार्यालय मैनपुरी
वर्ष कुल बैनामे महिला पुरूष
2007-08 5266 3787 1499
2008-09 5658 4033 1655
2009-10 7045 4359 2686
2010-11 6528 4110 2418

उप निबंधक कार्यालय भोगांव
वर्ष कुल बैनामे महिला पुरूष
2007-08 6091 3346 2735
2008-09 4640 3215 1424
2009-10 5709 3415 2294
2010-11 5664 3295 2369

उप निबंधक कार्यालय करहल
वर्ष कुल बैनामे महिला पुरूष
2008-09 2178 1403 1395
2009-10 2268 1412 856
2010-11 2070 1208 862